Republic Day

Wishing you a very happy Republic Day.
चल रहे है नौजवान,
झंडे का अभिमान लेके,
विश्व पटल को बदलने,
भारत का ऊँचा नाम करने,
भगत, चंद्र, खुदी, का नारा लेके,
करने रोशन लाल बाल पाल का नाम,
बाधाओ को चिर के वोह चले,
सीना चीरे जलधिका चले,
बन चले है "पथीक" वोह,
दिखाए राह नयी ज़माने को चले।
~ पथीक
आज के दिन ही हमारा संविधान लागु हुवा,
और हम पूरी तरह से स्वतंत्र हुए। हमारे लिए, हम ही के द्वारा,
बनाये गये संविधान को हमने खुद ही स्वीकार किया।
सिर्फ स्वीकार किआ या फिर अपनाया भी? यह सवाल
आप खुद को पूछिये, इसका जवाब कोई और नहीं आप
ही दे सकते है।  में ज्यादा नहीं लिखता मगर सही मायने
में संविधान को अपनाने की आशा साथ जय हिन्द।

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